{"product_id":"vigyan-ki-nai-sadi","title":"Vigyan Ki Nai Sadi","description":"\u003cp\u003e\u003cb\u003eAuthor:\u003c\/b\u003e Chandra Bhushan\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eBrand:\u003c\/b\u003e UNBOUND SCRIPT\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eEdition:\u003c\/b\u003e First Edition\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eFeatures:\u003c\/b\u003e \u003c\/p\u003e\u003cul\u003e\n\u003cli\u003eक्वांटम कंप्यूटर सिर्फ एक नई मशीन नहीं है, बल्कि यह कंप्यूटर साइंस की अलग समझदारी को दर्शाता है।\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003eवर्तमान कंप्यूटर, चाहे वे सुप कंप्यूटर ही क्यों न हों, अंततः ब्रेन के न्यूरॉनों के गुच्छों की तरह काम करते हैं, जो कुछ विशेष शर्तों के अनुसार इनपुट को प्रोसेस करके एक सटीक आउटपुट प्रदान करते हैं।\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003eआने वाले क्वांटम कंप्यूटर, शायद अगले 50 वर्षों में, 10 लाख क्यूबिट तक की ताकत रखेंगे, जो मानवीय दिमाग के संगठन से मिलती जुलती हो सकती है।\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003eये उन उन्नत क्वांटम कंप्यूटर्स को संभव बनाएगा, जो एक साथ बदलती हुई शर्तों के अनेक इनपुट और आउटपुट की संभावनाओं को प्रोसेस करके जटिल समस्याओं का सर्वश्रेष्ठ समाधान खोज सकेंगे\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003eकला से लेकर विज्ञान तक, ऐसे विकसित क्वांटम कंप्यूटर हमारे मानसिक संचालन और रचनात्मक सोच में मानवता को आगे ले जाने की क्षमता प्रदान करेंगे।\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003eहालांकि, शायद हम तुरंत ऐसे शक्तिशाली क्वांटम कंप्यूटर को नहीं देखेंगे, लेकिन इस पुस्तक में एक सशक्त ऐसे कंप्यूटर की संभावना का संकेत दिया गया है, जो इस सदी में संभव हो सकता है।\u003c\/li\u003e\n\u003c\/ul\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eBinding:\u003c\/b\u003e paperback\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eNumber Of Pages:\u003c\/b\u003e 200\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eRelease Date:\u003c\/b\u003e 01-01-2023\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eDetails:\u003c\/b\u003e क्वांटम कंप्यूटर सिर्फ एक नई मशीन नहीं, कंप्यूटर साइंस की अलग समझदारी है। अभी के सारे कंप्यूटर, चाहे वे सुप कंप्यूटर ही क्यों न हों, अतिम निष्कर्ष में दिमागी कोशिकाओं (सेरीब्रल न्यूरॉन्स) के गुच्छों जैसे ही हैं। उनका काम है, कुछेक इनपुट्स को खास शर्तों के मुताबिक प्रॉसेस करके एक सटीक आउटपुट देना। लेकिन सन 2030 तक मिल सकने वाली दस हजार क्यूबिट की रेंज वाला नहीं, अगले पचास वर्षों में 10 लाख क्यूबिट तक की ताकत संजो लेने वाला क्वांटम कंप्यूटर बाकायदा इंसानी दिमाग की तरह काम कर सकेगा। बदलती हुई शर्तों के साथ इनपुट और आउटपुट की अनेक श्रृंखलाओं को एक साथ प्रॉसेस करते हुए समस्याओं का सर्वश्रेष्ठ संभव समाधान खोजना। कला से लेकर विज्ञान तक मनुष्य से एक कदम आगे सोच सकने वाला ऐसा सलीकेदार क्वांटम कंप्यूटर अभी दूर है, लेकिन सदी बीतने तक वह हमारे सामने होगा।\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eEAN:\u003c\/b\u003e 9789392088520\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003ePackage Dimensions:\u003c\/b\u003e 8.5 x 5.4 x 0.5 inches\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eLanguages:\u003c\/b\u003e Hindi\u003c\/p\u003e","brand":"UNBOUND SCRIPT","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":66904497914160,"sku":"DRG.UnboundScripts_9789392088520","price":299.0,"currency_code":"INR","in_stock":false}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0690\/9968\/4144\/files\/61FFGEYzhuL.jpg?v=1780661983","url":"https:\/\/www.retailmaharaj.com\/products\/vigyan-ki-nai-sadi","provider":"Retail Maharaj","version":"1.0","type":"link"}