{"product_id":"varjit-sambandh-noble-sahitya-me-paperback-vijay-sharma-paperback-vijay-sharma","title":"Varjit Sambandh : Noble Sahitya Me ---- ?????? ??????? : ???? ??????? ??? [Paperback] Vijay Sharma [Paperback] Vijay Sharma","description":"\u003cp\u003e\u003cb\u003eAuthor:\u003c\/b\u003e Vijay Sharma\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eBrand:\u003c\/b\u003e Anuugya\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eEdition:\u003c\/b\u003e Ist\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eBinding:\u003c\/b\u003e paperback\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eNumber Of Pages:\u003c\/b\u003e 231\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eRelease Date:\u003c\/b\u003e 01-12-2021\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eDetails:\u003c\/b\u003e बलात्कार एक गंभीर अपराध है। मगर अक्सर अपराधी छूट निकलता है और शिकार की न केवल शारीरिक हानि होती है वरन उसकी मानसिक-सामाजिक हानि भी होती है। उसकी अस्मिता की हानि होती है। वह दूसरों की नजर में गिर जाता है उससे भी बड़ी हानि है यह व्यक्ति खुद अपनी निगाह में भी गिर जाता है। बलात्कार एक बहुत जटिल क्रिया है। यदि इसका मनोवैज्ञानिक विश्लेषण किया जाए तो हम देखते हैं पिता गुस्से में पिकोला का बलात्कार नहीं करता है। न ही उसे कष्ट पहुँचाने के लिए ऐसा करता है, वह पर-पीड़क व्यक्ति नहीं है। न ही यह शक्ति प्रदर्शन के लिए किया गया बलात्कार है जैसा कि बलात्कार की अधिकाँश घटनाओं में होता है। हाँ, उसे औरतों से घृणा है, मगर वह बेटी का बलात्कार करते समय उसके प्रति घृणा से संचालित नहीं है। वैसे मनोवैज्ञानिक रूप से उसका सारा जीवन घृणा से संचालित है। वह पिकोला का अपमान करने के लिए उसका बलात्कार नहीं करता है। एक शोध बताता है 40% बलात्कारी नशे या शराब के लती होते हैं। वे अपनी किशोरावस्था से इस लत के शिकार होते हैं। और शक नहीं, पिकोला का पिता भयंकर शराबी है। मनोविज्ञान कहता है बाल शोषण करने वाला आदमी यौन दृष्टि से हैरान-परेशान होता है, निराश आदमी होता है। सनकी और पागल होता है। चोले पागल नहीं है। टोनी मॉरीसन इस घटना का एक कारण नशा बताती हैं, एक गलती, बिना किसी पूर्व योजना के किया गया बलात्कार। मगर इससे इस जघन्य अपराध की तीव्रता कम नहीं हो जाती है।\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003ePackage Dimensions:\u003c\/b\u003e 9.1 x 6.3 x 0.8 inches\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eLanguages:\u003c\/b\u003e Hindi\u003c\/p\u003e","brand":"Anuugya","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":66901193720112,"sku":"DRG.AnuugyaBooks_B08Y74S7KY","price":300.0,"currency_code":"INR","in_stock":false}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0690\/9968\/4144\/files\/71rNUL5KvtL.jpg?v=1780568163","url":"https:\/\/www.retailmaharaj.com\/products\/varjit-sambandh-noble-sahitya-me-paperback-vijay-sharma-paperback-vijay-sharma","provider":"Retail Maharaj","version":"1.0","type":"link"}