{"product_id":"rajneeti-vigyan-shabdkosh-hindi-dictionary-of-political-science","title":"Rajneeti Vigyan Shabdkosh (Hindi) (Dictionary of Political Science)","description":"\u003cp\u003e\u003cbr\u003e\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eपुस्तक विवरण:\u003c\/strong\u003e\u003c\/p\u003e\n\u003cul\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eलेखक:\u003c\/strong\u003e एस.एन. सिंह\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eप्रकाशक:\u003c\/strong\u003e Rawat Books\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eसंस्करण:\u003c\/strong\u003e पहला संस्करण (1\/e)\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eभाषा:\u003c\/strong\u003e हिंदी\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eआईएसबीएन:\u003c\/strong\u003e 9788131606001\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eपृष्ठ संख्या:\u003c\/strong\u003e 512\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eबाइंडिंग:\u003c\/strong\u003e पेपरबैक\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eप्रकाशन तिथि:\u003c\/strong\u003e 01 जनवरी 2013\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eपैकेज आकार:\u003c\/strong\u003e 9.4 x 6.2 x 0.8 इंच\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003c\/ul\u003e\n\u003chr\u003e\n\u003ch3\u003eपुस्तक के विषय में:\u003c\/h3\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eराजनीति विज्ञान शब्दकोश\u003c\/strong\u003e सामाजिक विज्ञानों के विद्यार्थियों, शिक्षकों, शोधार्थियों और प्रतियोगी परीक्षा के अभ्यर्थियों के लिए एक अत्यंत उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक ग्रंथ है। बीसवीं शताब्दी के अंत में जब अंतर-अनुशासनात्मक अध्ययन पद्धति का विकास हुआ, तब राजनीति विज्ञान में मनोविज्ञान, समाजशास्त्र, इतिहास, लोक प्रशासन और अर्थशास्त्र जैसे विषयों का समावेश हुआ। इसके फलस्वरूप इस विषय से जुड़े नए और जटिल शब्दों को समझना कठिन हो गया।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eइस शब्दकोश की रचना इसी आवश्यकता की पूर्ति हेतु की गई है। इसमें राजनीति विज्ञान से संबंधित अद्यतन शब्दों, प्रमुख सिद्धांतकारों और उनकी मौलिक रचनाओं की समाविष्टि की गई है जिससे पाठक शब्दों के भाव, अर्थ और परिप्रेक्ष्य को गहराई से समझ सकें।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eइस कोश की विशेषता यह है कि यह केवल राजनीति विज्ञान तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इसमें लोक प्रशासन, अंतर्राष्ट्रीय संबंध, अर्थनीति, शोध पद्धति, तथा धर्म से जुड़े शब्द भी सम्मिलित किए गए हैं।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eयह शब्दकोश न केवल शैक्षिक उपयोग के लिए, बल्कि IAS, PCS, UGC-NET जैसी विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए भी अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा।\u003c\/p\u003e\n\u003chr\u003e\n\u003ch3\u003eलेखक परिचय:\u003c\/h3\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eप्रो. एस.एन. सिंह\u003c\/strong\u003e महर्षि दयानन्द सरस्वती विश्वविद्यालय, अजमेर के राजनीति विज्ञान विभाग में वर्ष 2001 से प्रोफेसर पद पर कार्यरत हैं। वे विभागाध्यक्ष एवं सामाजिक विज्ञान संकाय के डीन के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। उन्होंने पटना विश्वविद्यालय एवं जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय, नई दिल्ली से अपनी उच्च शिक्षा प्राप्त की है। अब तक उनकी पाँच पुस्तकें एवं 40 से अधिक शोध-पत्र प्रकाशित हो चुके हैं। प्रो. सिंह ने अर्जेण्टिना, स्पेन, फ्रांस और इंग्लैण्ड जैसे देशों की शैक्षणिक यात्राएं की हैं और कई अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों में अपने शोध प्रस्तुत किए हैं। उन्होंने यूजीसी और आईसीएसएसआर द्वारा सहायता प्राप्त अनेक शोध परियोजनाएं भी पूर्ण की हैं।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003e\u003cbr\u003e\u003c\/p\u003e","brand":"Rawat Publications","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":49997470040368,"sku":"DRG.RawatPublications_9788131606001","price":421.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0690\/9968\/4144\/files\/91v1xTeIw_L.jpg?v=1756464821","url":"https:\/\/www.retailmaharaj.com\/products\/rajneeti-vigyan-shabdkosh-hindi-dictionary-of-political-science","provider":"Retail Maharaj","version":"1.0","type":"link"}