{"product_id":"rural-development-and-panchayati-raj-institutions-hindi-1","title":"ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज संस्थाएं (Rural Development and Panchayati Raj Institutions) Hindi","description":"\u003ch2\u003eBook Details\u003c\/h2\u003e\n\u003cul\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eAuthor\u003c\/strong\u003e: लाखा राम चौधरी (Lakha Ram Chaudhary)\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003ePublisher\u003c\/strong\u003e: Rawat Publications\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eLanguage\u003c\/strong\u003e: English, Hindi\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eISBN\u003c\/strong\u003e: 9788131612194\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003ePages\u003c\/strong\u003e: 496\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eCover\u003c\/strong\u003e: Hardcover\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eRelease Date\u003c\/strong\u003e: 14-10-2021\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003c\/ul\u003e\n\u003chr\u003e\n\u003ch3\u003eAbout the Book\u003c\/h3\u003e\n\u003cp\u003eभारत की बहुसंख्यक जनसंख्या आज भी गांवों में निवास करती है, लेकिन दुर्भाग्यवश ये ग्रामीण क्षेत्र आज भी शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बिजली, सड़क, ऋण, सूचना और बाज़ार जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित हैं। इन्हीं कारणों से भारत सरकार द्वारा ग्रामीण विकास और पंचायती राज विभाग के संयुक्त प्रयास से अनेक कल्याणकारी योजनाएं प्रारंभ की गई हैं, जो इन गांवों के आर्थिक, सामाजिक और ढांचागत विकास की दिशा में काम कर रही हैं।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eपंचायती राज संस्थाएं भारतीय लोकतंत्र की आधारशिला हैं, जो ग्रामीण विकास के कार्यों—जैसे सड़क निर्माण, स्वच्छता, कृषि, शिक्षा, पशुपालन और अन्य सहायक योजनाओं—को क्रियान्वित करने में प्रमुख भूमिका निभाती हैं। महात्मा गांधी ने भी ग्राम-स्वराज की संकल्पना को आर्थिक स्वराज का मूल माना था। स्वतंत्रता के बाद 73वें संविधान संशोधन के माध्यम से इन संस्थाओं को संवैधानिक दर्जा प्रदान किया गया, जिसमें महिलाओं, अनुसूचित जातियों\/जनजातियों और पिछड़े वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित की गई।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eइस पुस्तक में पंचायत समिति की भूमिका विशेष रूप से चौहटन पंचायत समिति के संदर्भ में विश्लेषित की गई है। इसमें ग्रामीण विकास से जुड़ी नीतियों, उनके कार्यान्वयन, चुनौतियों और समाधान के सुझावों का गहराई से अध्ययन किया गया है। यह पुस्तक शोधार्थियों, नीति-निर्माताओं, पंचायत अधिकारियों और ग्रामीण विकास में रुचि रखने वालों के लिए एक मार्गदर्शक ग्रंथ के रूप में कार्य करेगी।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003e\u003cstrong\u003eविषयवस्तु (Contents):\u003c\/strong\u003e\u003c\/p\u003e\n\u003cul\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eग्रामीण विकास का परिचय एवं शोध प्रविधि\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eग्रामीण विकास की सैद्धान्तिक मान्यताएं\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eग्रामीण विकास के विभिन्न कार्यक्रम\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eपंचायती राज संस्थाओं की भूमिका (राज्य, जिला, खंड एवं ग्राम स्तर)\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eपंचायत समिति की भूमिका: चौहटन पंचायत समिति के संदर्भ में\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eउत्तरदाताओं की पृष्ठभूमि तथा प्रदत्तों का संकलन, विश्लेषण एवं व्याख्या\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eपंचायत समिति के समक्ष चुनौतियां\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003cli\u003e\n\u003cp\u003eपंचायती राज संस्थाओं को प्रभावशाली बनाने के सुझाव\u003c\/p\u003e\n\u003c\/li\u003e\n\u003c\/ul\u003e\n\u003chr\u003e\n\u003ch3\u003eAbout the Author\u003c\/h3\u003e\n\u003cp\u003eलाखा राम चौधरी एक समर्पित शिक्षाविद् और प्रशासनिक सेवा में कार्यरत अनुभवी अधिकारी हैं। आपने एम.एड, एम.फिल. एवं पीएच.डी. (राजनीति विज्ञान एवं लोक प्रशासन) जैसी उच्च शैक्षणिक योग्यताएं सरकारी शिक्षण संस्थानों से प्राप्त कीं और विभिन्न प्रतिष्ठित संस्थानों में शिक्षक के रूप में प्रशंसनीय सेवाएं दीं। वर्तमान में आप ‘इंडियन ऑडिट एंड अकाउंट्स डिपार्टमेंट’ में कार्यरत हैं, जहां आपकी निष्ठा और उत्कृष्ट सेवाओं के लिए आपको तीन बार गणतंत्र दिवस पर सम्मानित किया गया है।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eआपको हिंदी लेखन, निबंध लेखन और शोध प्रस्तुतियों के लिए कई बार राष्ट्रीय सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। आपने 50 से अधिक राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठियों में भाग लिया और 80 से अधिक लेख एवं शोध-पत्र प्रकाशित किए हैं। आपकी रुचि भारतीय संविधान, राजनीति विज्ञान, लोक प्रशासन, विदेश नीति, शिक्षा और शोध में विशेष है। आपकी एक दर्जन से अधिक पुस्तकें प्रतिष्ठित प्रकाशकों से प्रकाशित हो चुकी हैं, जो शिक्षण एवं शोध कार्यों में आपकी गहन समझ और योगदान को दर्शाती हैं।\u003c\/p\u003e","brand":"Rawat Publications","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":50005663351088,"sku":"DRG.RawatPublications_9788131612194","price":842.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0690\/9968\/4144\/files\/81KBGIlFbVL.jpg?v=1756464238","url":"https:\/\/www.retailmaharaj.com\/bn\/products\/rural-development-and-panchayati-raj-institutions-hindi-1","provider":"Retail Maharaj","version":"1.0","type":"link"}