{"product_id":"prachin-evam-purva-madhyakalin-bharat-ka-itihas-hindi-edition","title":"Prachin Evam Purva Madhyakalin Bharat Ka Itihas [Hindi Edition]","description":"\u003cp\u003e\u003cb\u003eAuthor:\u003c\/b\u003e Upinder Singh\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eBrand:\u003c\/b\u003e PEARSON EDUCATION\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eEdition:\u003c\/b\u003e 2\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eBinding:\u003c\/b\u003e paperback\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eNumber Of Pages:\u003c\/b\u003e 848\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eRelease Date:\u003c\/b\u003e 12-02-2024\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eDetails:\u003c\/b\u003e Click Here For English Edition\u003cbr\u003e\n\u003cbr\u003e\nप्रथम संस्करण में ही एक अद्वितीय कृति के रूप में स्थापित हो चुकी प्रोफेसर उपिंदर सिंह की पुस्तक प्राचीन एवं पूर्व मध्यकालीन भारत का इतिहास का यह द्वितीय संस्करण प्रस्तुत है जिसमें इस विषय से संबंधित नवीनतम खोज, अनुसंधान और अंतर्दृष्टियां प्रस्तुत की गई हैं। इसमें पाठ्यात्मक, पुरातात्त्विक और दृश्य स्रोतों के विस्तृत आधार पर राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, धर्म, दर्शन, कला और अवधारणाओं से जुड़े विमर्शों को एक सूत्र में पिरोकर इतिहास को एक लयबद्ध कड़ी के रूप में प्रस्तुत किया गया है। विगत हज़ारों वर्षों के दौरान इस उपमहाद्वीप में होनेवाले व्यापक स्तर के परिवर्तनों के साथ-साथ आम लोगों के रोज़मर्रा जीवन पर प्रकाश डालती हुई यह पुस्तक विभिन्न क्षेत्रों के जटिल तथा सतत गतिशील इतिहास को उजागर करती है। इसने न केवल सामान्य पाठकों के लिए एक उत्कृष्ट स्रोत के रूप में प्रतिष्ठा प्राप्त की है बल्कि स्नातक और स्नातकोत्तर कक्षा के विद्यार्थियों के लिए प्राचीन एवं पूर्व मध्यकालीन भारत पर एक व्यापक और आधिकारिक पाठ्यपुस्तक के रूप में अत्यधिक लोकप्रियता हासिल की है। उपिंदर सिंह की सुस्पष्ट, विस्तृत और संतुलित व्याख्या के द्वारा पाठकों में ऐतिहासिक साक्ष्यों का गंभीर मूल्यांकन और विश्लेषण करने की क्षमता विकसित होती है।\u003cbr\u003e\nमूल स्रोतों से उद्धृत अंशों और भारत की विविध और समृद्ध ऐतिहासिक विरासत की तस्वीरों एवं चित्रणों से भरपूर यह पुस्तक पाठकों को अतीत की खोज की एक रोमांचक यात्रा पर ले जाती है।\u003cbr\u003e\nप्रमुख विशेषताएं -\u003cbr\u003e\nनए-नए आविष्कारों एवं इतिहास लेखन की प्रवृत्तियों पर प्रकाश\u003cbr\u003e\n💡पुरातत्त्व में प्रयुक्त नवीनतम वैज्ञानिक तकनीकों का उल्लेख\u003cbr\u003e\n💡कला और साहित्य के महत्त्व का रेखांकन\u003cbr\u003e\n💡पारिस्थितिकी, वन्य जनजातियों और पशुचारियों पर चर्चा\u003cbr\u003e\n💡अधीनस्थ वर्गों एवं जातियों तथा महिलाओं के अनुभवों पर बल\u003cbr\u003e\n💡विचारों और ज्ञान के इतिहास और उनके प्रसार पर प्रकाश\u003cbr\u003e\n💡उत्तरपूर्व सम्बंधित अनुसंधानों पर ध्यान\u003cbr\u003e\n💡भारत के अतिरिक्त दक्षिण एशिया के अन्य क्षेत्रों का अवलोकन\u003cbr\u003e\n💡भारत को विश्व से जोड़नेवाले विभिन्न तंत्रों की रूपरेखा\u003cbr\u003e\n💡प्रचुर मात्रा में मानचित्रों, तस्वीरों और रेखाचित्रों का प्रयोग\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eEAN:\u003c\/b\u003e 9789357054171\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003ePackage Dimensions:\u003c\/b\u003e 10.8 x 8.5 x 1.5 inches\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cb\u003eLanguages:\u003c\/b\u003e Hindi\u003c\/p\u003e","brand":"PEARSON EDUCATION","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":51306671046960,"sku":"UDH_9789357054171","price":705.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0690\/9968\/4144\/files\/61O5rJfdoqL.jpg?v=1775578961","url":"https:\/\/www.retailmaharaj.com\/bn\/products\/prachin-evam-purva-madhyakalin-bharat-ka-itihas-hindi-edition","provider":"Retail Maharaj","version":"1.0","type":"link"}